पश्चिमी घाट में नए जैव विविधता विरासत स्थल की घोषणा
2026-05-19पृष्ठभूमि: जैविक विविधता अधिनियम, 2002 राज्य सरकारों को जैव विविधता के महत्व वाले क्षेत्रों को जैव विविधता विरासत स्थल (BHS) के रूप में अधिसूचित करने का अधिकार देता है। वर्तमान संदर्भ: 18 मई 2026 को, राज्य सरकार ने स्थानिक वनस्पतियों और जीवों की रक्षा के लिए पश्चिमी घाट में एक अद्वितीय गलियारे को आधिकारिक तौर पर BHS घोषित किया। यह क्षेत्र दुर्लभ औषधीय पौधों और लुप्तप्राय उभयचर प्रजातियों के लिए जाना जाता है। प्रभाव: यह दर्जा औद्योगिक अतिक्रमण के खिलाफ कानूनी सुरक्षा सुनिश्चित करता है और समुदाय-आधारित संरक्षण प्रयासों को बढ़ावा देता है।
आर्द्रभूमि बहाली के लिए राष्ट्रीय पहल शुरू
2026-05-19पृष्ठभूमि: आर्द्रभूमि महत्वपूर्ण पारिस्थितिक तंत्र हैं जो प्राकृतिक जल फिल्टर और कार्बन सिंक के रूप में कार्य करते हैं। भारत में कई रामसर स्थल हैं जिन्हें तत्काल बहाली की आवश्यकता है। वर्तमान संदर्भ: पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने 19 मई 2026 को 'आर्द्रभूमि बहाली कार्यक्रम' का एक नया चरण शुरू किया। यह पहल आक्रामक प्रजातियों को हटाने और शहरी आर्द्रभूमि में पानी की गुणवत्ता में सुधार करने पर केंद्रित है। प्रभाव: इस कार्यक्रम का उद्देश्य शहरों की बाढ़-शमन क्षमता को बढ़ाना और प्रवासी पक्षियों के आवासों को बहाल करना है, जो भारत के जलवायु अनुकूलन लक्ष्यों में योगदान देगा।