राष्ट्रीय आर्द्रभूमि बहाली मिशन 2026
2026-04-19पृष्ठभूमि: आर्द्रभूमि महत्वपूर्ण पारिस्थितिकी तंत्र हैं जो कार्बन सिंक और प्राकृतिक जल फिल्टर के रूप में कार्य करते हैं। शहरीकरण के कारण भारत में आर्द्रभूमि के स्वास्थ्य में गिरावट आई है। वर्तमान संदर्भ: पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्रालय ने अप्रैल 2026 में देश भर में 500 खराब हो चुकी आर्द्रभूमि को पुनर्जीवित करने के लिए 'राष्ट्रीय आर्द्रभूमि बहाली मिशन' शुरू किया है। प्रभाव: इस पहल का उद्देश्य जैव विविधता को बढ़ाना, भूजल पुनर्भरण में सुधार करना और शहरी क्षेत्रों में बाढ़ के जोखिम को कम करना है। यह जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए भारत के एनडीसी के अनुरूप है।
हिमालयी हिमनद निगरानी पहल
2026-04-19पृष्ठभूमि: हिमालय, जिसे अक्सर 'तीसरा ध्रुव' कहा जाता है, ग्लोबल वार्मिंग के कारण तेजी से हिमनद पीछे हटने का अनुभव कर रहा है। यह नीचे की ओर रहने वाले लाखों लोगों की जल सुरक्षा के लिए खतरा है। वर्तमान संदर्भ: अप्रैल 2026 में, भारतीय भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (GSI) ने हिमालयी क्षेत्र में वास्तविक समय में हिमनद पिघलने की दर की निगरानी के लिए उन्नत उपग्रह-आधारित सेंसर तैनात किए। प्रभाव: यह डेटा-संचालित दृष्टिकोण हिमनद झील के फटने से आने वाली बाढ़ (GLOFs) के लिए प्रारंभिक चेतावनी प्रदान करेगा। यह बेहतर आपदा प्रबंधन योजना को सक्षम बनाता है और नीति निर्माताओं को जलवायु परिवर्तन के प्रभावों से बचाने में मदद करता है।